खरसिया :- आगामी वर्षा ऋतु को ध्यान में रखते हुए वन परिक्षेत्र खरसिया अंतर्गत परिक्षेत्र सोनबरसा के ग्राम भैंनापारा में वन विभाग द्वारा वन महोत्सव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के तहत कैंपा (CAMPA) योजना के अंतर्गत कक्ष क्रमांक 1194 पीएफ की 18.45 हेक्टेयर वन भूमि पर 18,450 मिश्रित प्रजातियों के पौधों का रोपण किया जाएगा। इनमें कचनार, सागौन, जामुन, आम और खम्हार जैसी प्रजातियां शामिल हैं।

वन परिक्षेत्राधिकारी लीला पटेल ने बताया कि कैंपा योजना के तहत खरसिया विकासखंड के ग्राम सोनबरसा, भैंनापारा और गीधा की 18.45 हेक्टेयर वन भूमि को वृक्षारोपण के लिए चयनित किया गया है। शासन द्वारा 18,450 पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिनकी देखरेख अगले 10 वर्षों तक वन विभाग करेगा। पौधों के संरक्षण के लिए फेंसिंग, सिंचाई व्यवस्था तथा सुरक्षा गार्ड की भी व्यवस्था की गई है, जिससे पौधों का समुचित संरक्षण और संवर्धन सुनिश्चित हो सके।

कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा से चलाए जा रहे “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत अतिथियों, जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने अपने नाम की पट्टिका के साथ एक-एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल करने तथा उसे वृक्ष बनाने का संकल्प लिया।

मुख्य अतिथि जनपद सदस्य एवं जनपद उपाध्यक्ष डॉ. हितेश गवेल ने अपने संबोधन में वृक्षारोपण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पौधे लगाना ही नहीं, बल्कि उनकी देखभाल करना भी प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। उन्होंने ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों से इस अभियान को जनआंदोलन बनाने की अपील की।

विशिष्ट अतिथि जिला पंचायत सदस्य बलदेव कुर्रे ने पौधों के संरक्षण और संवर्धन पर जोर देते हुए कहा कि उनकी सुरक्षा केवल वन विभाग ही नहीं, बल्कि प्रत्येक ग्रामीण की जिम्मेदारी भी है। उन्होंने बताया कि यह खरसिया विकासखंड के लिए शासन द्वारा स्वीकृत एक महत्वपूर्ण वृहद परियोजना है, जिसके तहत लगाए जा रहे पौधे आने वाले तीन से पांच वर्षों में विकसित होकर पूरे क्षेत्र को हरित और सुंदर वातावरण प्रदान करेंगे।

कार्यक्रम में जनपद पंचायत सदस्य प्रतिनिधि लक्ष्मी पटेल, सरपंच अनहित भैंनाजी, शुकवारीन सिदार, मोती महंत, योगेंद्र सिंह पांडे, ओमप्रकाश राठौर, शिवचरण महिष, रिंकू महंत, सुरेश चौहान, प्रियंका चौहान, मनोज कुमारी, महिला स्व-सहायता समूहों की सदस्याएं, ग्रामवासी तथा वन विभाग के परिक्षेत्र सहायक विजय दीक्षित, टंकेश्वर राठिया, गोवर्धन राठौर सहित वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।

