छाल पुलिस के दबाव में दुष्कर्म व पॉक्सो एक्ट का आरोपी कोर्ट में सरेंडर, पुलिस रिमांड के बाद भेजा गया जेल — लैलूंगा पुलिस ने 14 वर्षीय नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को भी दबोचा
रायगढ़ :- 11 सितंबर 2026। महिला एवं नाबालिगों से संबंधित अपराधों में त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई के लिए रायगढ़ पुलिस द्वारा चलाए जा रहे “अभियान संवेदना” के तहत पुलिस को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। एसएसपी शशि मोहन सिंह के दिशा-निर्देशन में थाना छाल एवं थाना लैलूंगा पुलिस ने दुष्कर्म एवं पॉक्सो एक्ट से जुड़े दो अलग-अलग मामलों में आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश किया।

एक मामले में छाल पुलिस की लगातार दबिश और कानूनी कार्रवाई के दबाव के चलते दुष्कर्म एवं पॉक्सो एक्ट का आरोपी न्यायालय में सरेंडर करने को मजबूर हुआ। पुलिस ने आरोपी को एक दिन की रिमांड पर लेकर पूछताछ की और विवेचना के दौरान महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। रिमांड अवधि पूरी होने के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
वहीं, दूसरे मामले में लैलूंगा पुलिस ने 14 वर्षीय नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी युवक को मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी कर गिरफ्तार किया और न्यायालय में पेश कर पॉक्सो एक्ट के तहत रिमांड पर भेज दिया।
छाल पुलिस के लगातार दबाव में आरोपी ने किया न्यायालय में सरेंडर
थाना चक्रधरनगर में दिनांक 08 अगस्त 2026 को एक स्थानीय महिला ने आवेदन देकर अपनी बेटी के साथ हुई घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। महिला ने बताया कि उसकी बेटी रायपुर में पढ़ाई करती है। उसके अनुसार परिवार का परिचित अमित उर्फ पुष्पेंद्र गोयल ने इंस्टाग्राम के माध्यम से उससे दोस्ती की और बाद में अश्लील एवं आपत्तिजनक संदेश भेजने लगा।
पीड़िता ने अपनी मां को बताया कि दिसंबर 2022 में नाना के निधन के बाद परिवार छाल आया था। इसी दौरान अमित ने उसे अकेला पाकर छेड़छाड़ की। आरोप है कि 25 दिसंबर 2022 को आरोपी ने उसे पुराने घर में फोन कर बुलाया और जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाए।
पीड़िता ने घटना की जानकारी डर के कारण तत्काल किसी को नहीं बताई। आरोप है कि इसके बाद भी आरोपी उसके मोबाइल पर अश्लील संदेश भेजता रहा और किसी को घटना बताने पर बदनामी की धमकी देता था। पीड़िता ने यह भी बताया कि रायपुर में पढ़ाई के दौरान आरोपी उसे होटल ले जाकर भी गलत काम करता था।
महिला के आवेदन पर थाना चक्रधरनगर में प्रारंभिक रूप से अपराध दर्ज किया गया। इसके बाद प्रकरण को थाना छाल स्थानांतरित किया गया, जहां आरोपी के विरुद्ध अपराध क्रमांक 186/2026, धारा 64(2)(m) बीएनएस एवं धारा 4, 6 पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
अपराध दर्ज होने के बाद से आरोपी फरार चल रहा था। छाल पुलिस द्वारा आरोपी की गिरफ्तारी के लिए लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही थी। पुलिस की लगातार कार्रवाई और न्यायिक प्रक्रिया के बढ़ते दबाव के बीच अंततः आरोपी ने न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया।
09 सितंबर 2026 को न्यायालय से मिली सूचना के बाद छाल पुलिस ने आरोपी अमित उर्फ पुष्पेंद्र गोयल, पिता बुधराम गोयल, उम्र 46 वर्ष, निवासी छाल को न्यायालय से एक दिन की पुलिस रिमांड पर लिया। रिमांड के दौरान आरोपी से पूछताछ कर प्रकरण से संबंधित महत्वपूर्ण साक्ष्यों को जप्त किया गया तथा विवेचना की अन्य आवश्यक कार्रवाई पूरी की गई।
पुलिस रिमांड अवधि समाप्त होने के बाद आरोपी को पुनः न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल दाखिल कर दिया गया।
14 वर्षीय नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को लैलूंगा पुलिस ने दबोचा
दूसरे मामले में थाना लैलूंगा में 20 अगस्त 2026 को एक स्थानीय महिला ने अपनी 14 वर्षीय बेटी के संबंध में रिपोर्ट दर्ज कराई। महिला ने बताया कि उसकी बेटी कुछ दिनों से गुमसुम रह रही थी और बातचीत भी नहीं कर रही थी। पूछताछ करने पर नाबालिग ने घटना की जानकारी अपनी मां को दी।
नाबालिग के अनुसार 04 अगस्त 2026 की रात करीब 9 बजे गांव का रहने वाला सूर्यान्श यादव (20 वर्ष) उसके घर आया और उसे अपने साथ घर चलने के लिए कहा। नाबालिग द्वारा मना करने के बावजूद आरोपी कथित तौर पर उसे बहला-फुसलाकर और डराने-धमकाने के बाद अपने घर ले गया, जहां उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। इसके बाद आरोपी ने उसे सुबह करीब 4 बजे घर पहुंचाया और घटना के संबंध में किसी को नहीं बताने की धमकी दी।
महिला की रिपोर्ट पर थाना लैलूंगा में आरोपी सूर्यान्श यादव के विरुद्ध अपराध क्रमांक 262/2026, धारा 65(1), 351(3) बीएनएस एवं धारा 6 पॉक्सो एक्ट के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना प्रारंभ की गई।
अपराध दर्ज होने के बाद आरोपी फरार हो गया था। उसकी गिरफ्तारी के लिए थाना प्रभारी लैलूंगा उप निरीक्षक गिरधारी साव द्वारा मुखबिर तंत्र सक्रिय किया गया और आरोपी की लगातार तलाश की जा रही थी।
इसी दौरान आरोपी के गांव आने की मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई। सूचना पर लैलूंगा पुलिस ने तत्काल दबिश देकर आरोपी सूर्यान्श यादव को गिरफ्तार कर लिया। आवश्यक कानूनी कार्रवाई के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे पॉक्सो एक्ट के तहत रिमांड पर भेज दिया गया।
महिला एवं बाल अपराधों पर पुलिस की सख्त कार्रवाई
रायगढ़ पुलिस द्वारा “अभियान संवेदना” के तहत महिला एवं नाबालिगों से जुड़े अपराधों में त्वरित कार्रवाई पर विशेष जोर दिया जा रहा है। पुलिस का उद्देश्य ऐसे मामलों में आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी, साक्ष्यों का संकलन तथा प्रकरणों की प्रभावी विवेचना सुनिश्चित करना है, ताकि पीड़ितों को न्याय दिलाने की प्रक्रिया में तेजी लाई जा सके।

