Bhavyachhattisgarh newsBhavyachhattisgarh news
  • Kharsiya
  • CHHATTISGARH
  • RAIGARH
  • खरसिया ग्राम पंचायत में राशन गबन मामला: ग्रामीणों ने दोबारा जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की
Search
  • Advertise
© 2022 Bhavyachhattisgarh News
Reading: प्रवर्तकता और मिशन वात्सल्य कार्यक्रम के तहत 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों का किया जाएगा चिन्हांकन
Share
Sign In
Notification Show More
Latest News
खरसिया मीना बाजार में महंगाई का झूला! ₹80 प्रति झूला वसूली पर उठे सवाल, आखिर आम जनता की जेब पर कब लगेगी लगाम?
CHHATTISGARH Kharsiya
ग्राम बंगुरसिया मेन रोड किनारे अज्ञात व्यक्ति का शव साइन बोर्ड पर लटका मिला, जांच में जुटी चक्रधरनगर पुलिस
CHHATTISGARH RAIGARH
केलो डेम के पास युवक-युवती से लूटपाट करने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, तीसरे की तलाश में जुटी पुलिस
CHHATTISGARH RAIGARH
खरसिया आईटीआई में निःशुल्क कौशल विकास प्रशिक्षण के लिए पंजीयन शुरू, 60 सीटें उपलब्ध
CHHATTISGARH Kharsiya RAIGARH
सड़क सुरक्षा और औद्योगिक सुरक्षा को लेकर प्रशासन सख्त
CHHATTISGARH RAIGARH
Aa
Bhavyachhattisgarh newsBhavyachhattisgarh news
Aa
  • Kharsiya
  • RAIGARH
  • CHHATTISGARH
  • Sarangargh bilaigarh
  • Raipur
Search
  • Kharsiya
  • CHHATTISGARH
  • RAIGARH
  • खरसिया ग्राम पंचायत में राशन गबन मामला: ग्रामीणों ने दोबारा जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2022 Bhavyachhattisgarh news

प्रवर्तकता और मिशन वात्सल्य कार्यक्रम के तहत 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों का किया जाएगा चिन्हांकन

Ashwani Sahu
Ashwani Sahu October 7, 2024 CHHATTISGARH
Share
6 Min Read

चिकित्सा, शिक्षा और पोषण के लिए प्रतिमाह 4 हजार रुपये की वित्तीय सहायता

रायपुर, 07 अक्टूबर 2024/एकीकृत बाल संरक्षण योजना, मिशन वात्सल्य महिला एवं बाल विकास विभाग अंतर्गत प्रवर्तकता कार्यक्रम के तहत 18 वर्ष से कम आयु के देख-रेख एवं संरक्षण की आवश्यकता वाले बच्चों को चिकित्सकीय, पोषण, व्यावसायिक प्रशिक्षण एवं शैक्षिक आवश्यकताओं की पूर्ति हेतु परिवारों को अनुपूरक सहायता के रूप में धन राशि प्रदान किया जाना है, जिससे बच्चे के जीवन स्तर की गुणवत्ता में सुधार हो सके और बालक का सर्वाेत्तम हित सुनिश्चित किया जा सके।

महिला एवं बाल विकास विभाग से मिली हुई जानकारी के अनुसार किशोर न्याय (बालकों की देखरेख और संरक्षण) अधिनियम, 2015 यथा संशोधित 2021 का एक प्रमुख मार्गदर्शी सिद्धांत यह है कि किसी बच्चे को अंतिम उपाय के रूप में संस्थागत देखरेख में रखा जावे। परिवार तथा पारिवारिक वातावरण बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए सर्वाधिक अनुकूल होता है। अतः बच्चों के पुनर्वास और समाज में एकीकरण के लिए परिवार एवं समुदाय आधारित विकल्प में प्रवर्तकता (स्पॉसरशिप) का प्रावधान रखा गया है। जिसके तहत प्रवर्तकता हेतु पात्र बच्चों की शिक्षा, पोषण और स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए 4 हजार रूपये प्रतिमाह की वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है।

प्रवर्तकता की निवारक और पुनर्वास 02 श्रेणियां है। निवारक श्रेणी में जैविक परिवार में निवासरत बालकों को परिवार में बने रहने, शिक्षा, पोषण और स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए 4 हजार रूपये प्रतिमाह की आर्थिक सहायता दी जाती है ताकि वे बेघर, बालश्रम, बाल विवाह, पलायन इत्यादि के लिए मजबूर न हो। जिला बाल संरक्षण इकाई द्वारा ऐसे परिवारों या बच्चों का चिन्हांकन सामाजिक कार्यकर्ता, आऊटरीच वर्कर, स्वयं सेवकों, वार्ड समिति या ग्राम पंचायत की मदद से किया जाता है।

- Advertisement -
Ad image

पुनर्वास श्रेणी अंतर्गत ऐसे बच्चों को 4 हजार रूपये प्रतिमाह की आर्थिक सहायता दी जाती है, जो परिवार के आर्थिक अभाव के कारण मिशन वात्सल्य के तहत संचालित बाल देखरेख संस्थाओं में निवासरत है, उन्हें आर्थिक सहायता प्रदान कर परिवार में पुनर्वासित किया जाता है। निवारक प्रवर्तकता के तहत समुदाय में निवासरत ऐसे बच्चे जिनके माता-पिता की मृत्यु हो चुकी है तथा विस्तारित परिवार की देखरेख में रहते है। एकल माता-पिता के बच्चे, विशेषकर विधवा या तलाकशुदा या परिवार द्वारा परित्यक्त माता के बच्चे। माता-पिता द्वारा परित्यक्त बच्चे, जो विस्तारित परिवार की देखरेख में रहते है। ऐसे बच्चे, जिनके माता-पिता जेल मे हो। ऐसे बच्चे जिनके माता-पिता अक्षम या बच्चों की देखभाल करने में आर्थिक और शारीरिक रूप से असमर्थ हो। ऐसे बच्चे जिनके माता-पिता गंभीर बीमारी से पीड़ित है। किशोर न्याय (बालकों की देखरेख और संरक्षण) अधिनियम 2015 यथा संशोधित 2021 के अनुसार देखरेख और संरक्षण के आवश्यकता वाले बच्चे जैसे बेघर, प्राकृतिक आपदा के शिकार, बालश्रम, बाल विवाह के शिकार, अवैध मानव परिवहन किये गये बच्चे, एचआईवी, एड्स प्रभावित बच्चे, निःशक्त बच्चे, गुमशुदा या भागे हुए बच्चे, बाल भिक्षुक या सड़क पर रहने वाले बच्चे, प्रताडित या शोषण किये गये बच्चे। पीएम केयर्स फॉर चिल्ड्रन योजना के हितग्राही बच्चे इन सभी श्रेणी के बच्चे 4 हजार रूपये प्रति माह आर्थिक सहायता प्राप्त करने के पात्र है।

प्रवर्तकता के तहत आर्थिक सहायता प्राप्त करने के लिए परिवार की वार्षिक आय ग्रामीण क्षेत्रों के लिए 72 हजार रूपये प्रतिवर्ष और अन्य क्षेत्रों के लिए 96 हजार रूपये प्रतिवर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए। प्रवर्तकता कार्यक्रम के तहत मिलने वाली आर्थिक सहायता 18 वर्ष तक की आयु पूर्ण होने तक मिल सकती है।

प्रवर्तकता कार्यक्रम का क्रियान्वयन जिला बाल संरक्षण ईकाई द्वारा किया जाता है। प्रवर्तकता हेतु पात्र बच्चों का चिन्हांकन जिला बाल संरक्षण इकाई द्वारा किया जाता है। साथ ही चाइल्ड हेल्पलाईन (1098), जिला बाल संरक्षण ईकाई के अधिकारी, क्षेत्रीय बाल संरक्षण समितियों अथवा किसी प्रबुद्ध नागरिक द्वारा भी बालकों का चिन्हांकन किया जा सकता है।

प्रत्येक जिले में बाल कल्याण समिति एवं प्रवर्तकत्ता एवं पालन पोषण देखरेख अनुमोदन समिति गठित है। प्रवर्तकता प्रकरण प्राप्त होने अथवा जरूरतमंद बालक या परिवार का आवेदन प्राप्त होने पर मिशन वात्सल्य योजना के तहत निर्धारित प्रक्रिया का पालन कर जिला मजिस्ट्रेट द्वारा प्रवर्तकता की स्वीकृति दी जाती है एवं बाल कल्याण समिति द्वारा स्थापन आदेश जारी किया जाता है। बाल कल्याण समिति के स्थापन आदेश उपरांत बालक के नाम पर बैंक खाता खोला जाता है। जिसका संचालन समिति के आदेश में नाम निर्दिष्ट व्यक्ति के द्वारा किया जाता है एवं बालक के बैंक खाते में प्रतिमाह जिला बाल संरक्षण समिति द्वारा राशि अंतरित की जाती है।

प्रवर्तकता के संबंध में अधिक जानकारी एवं आवेदन पत्र प्राप्त करने के लिए संबंधित जिले की जिला बाल संरक्षण इकाई से संपर्क किया जा सकता है।

भव्या छत्तीसगढ़ ईपेपर

[3d-flip-book id=”22426″ ][/3d-flip-book]

- Advertisement -
Ad image
Ashwani Sahu October 7, 2024
Share this Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Telegram Copy Link Print
Posted by Ashwani Sahu
Follow:
9770597735
Previous Article घरघोड़ा : स्थानीय प्रशासन एवं पुलिस की उदासीनता कहीं बड़े घटना को तो नहीं दे रही न्योता?…
Next Article नक्सलवाद के खिलाफ छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की रणनीति की हुई सराहना

Stay Connected

235.3k Followers Like
69.1k Followers Follow
11.6k Followers Pin
56.4k Followers Follow
136k Subscribers Subscribe
4.4k Followers Follow

Latest News

खरसिया मीना बाजार में महंगाई का झूला! ₹80 प्रति झूला वसूली पर उठे सवाल, आखिर आम जनता की जेब पर कब लगेगी लगाम?
CHHATTISGARH Kharsiya October 14, 2026
ग्राम बंगुरसिया मेन रोड किनारे अज्ञात व्यक्ति का शव साइन बोर्ड पर लटका मिला, जांच में जुटी चक्रधरनगर पुलिस
CHHATTISGARH RAIGARH October 14, 2026
केलो डेम के पास युवक-युवती से लूटपाट करने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, तीसरे की तलाश में जुटी पुलिस
CHHATTISGARH RAIGARH October 14, 2026
खरसिया आईटीआई में निःशुल्क कौशल विकास प्रशिक्षण के लिए पंजीयन शुरू, 60 सीटें उपलब्ध
CHHATTISGARH Kharsiya RAIGARH October 14, 2026
सड़क सुरक्षा और औद्योगिक सुरक्षा को लेकर प्रशासन सख्त
CHHATTISGARH RAIGARH October 14, 2026

Popular Post

खरसिया मीना बाजार में महंगाई का झूला! ₹80 प्रति झूला वसूली पर उठे सवाल, आखिर आम जनता की जेब पर कब लगेगी लगाम?
CHHATTISGARH Kharsiya
ग्राम बंगुरसिया मेन रोड किनारे अज्ञात व्यक्ति का शव साइन बोर्ड पर लटका मिला, जांच में जुटी चक्रधरनगर पुलिस
CHHATTISGARH RAIGARH
केलो डेम के पास युवक-युवती से लूटपाट करने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, तीसरे की तलाश में जुटी पुलिस
CHHATTISGARH RAIGARH
खरसिया आईटीआई में निःशुल्क कौशल विकास प्रशिक्षण के लिए पंजीयन शुरू, 60 सीटें उपलब्ध
CHHATTISGARH Kharsiya RAIGARH
सड़क सुरक्षा और औद्योगिक सुरक्षा को लेकर प्रशासन सख्त
CHHATTISGARH RAIGARH

Contact Us

Owner/Editor/विद्या कुमार चौहान

कार्यालय- मदनपुर बस्ती खरसिया जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) पिन-496661
9111207022
bhavyachhattisgarh@gmail.com
Bhavyachhattisgarh newsBhavyachhattisgarh news
Follow US

© 2022 Bhavyachhattisgarh News. All Rights Reserved.

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?