दो सगे भाई और उनका चचेरा भाई शामिल; बुलेट, टीवीएस जुपिटर, स्प्लेंडर प्लस समेत 4 चोरी के वाहन बरामद, करीब 3 लाख की संपत्ति जब्त
रायगढ़ :- 5 अक्टूबर 2026। जिले में बढ़ती वाहन चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए रायगढ़ पुलिस द्वारा चलाए जा रहे अभियान के तहत घरघोड़ा पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने वाहन चोरी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। खास बात यह है कि आरोपी जिस स्कूटी को चोरी कर ले गए थे, उसी पर सवार होकर दोबारा वाहन चोरी की तलाश में घूम रहे थे। इसी दौरान वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस ने तीनों को पकड़ लिया।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक बुलेट, एक टीवीएस जुपिटर स्कूटी, एक हीरो स्प्लेंडर प्लस और एक एन.एक्स.जी. मोटरसाइकिल समेत कुल चार चोरी के दोपहिया वाहन बरामद किए हैं। बरामद वाहनों की अनुमानित कीमत करीब 3 लाख रुपये बताई गई है। जांच के दौरान बरामद बुलेट के संबंध में थाना सुपेला, जिला दुर्ग में वाहन चोरी का अपराध दर्ज होना भी सामने आया है।
चोरी की स्कूटी से कर रहे थे दूसरी चोरी की रेकी
जानकारी के अनुसार, 19 सितंबर 2026 को सुनील शर्मा पिता भादरदत्त शर्मा, उम्र 46 वर्ष, निवासी वार्ड क्रमांक 10, घरघोड़ा ने थाना घरघोड़ा में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 18 सितंबर की दोपहर उनके घर के सामने खड़ी टीवीएस जुपिटर स्कूटी क्रमांक CG-13-AV-9139 चोरी हो गई है।
रिपोर्ट पर थाना घरघोड़ा में अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 292/2026, धारा 303(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की। पुलिस टीम ने घटनास्थल एवं आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालते हुए संदिग्धों की तलाश शुरू कर दी।
इसी दौरान 3 अक्टूबर 2026 को घरघोड़ा पुलिस वाहन चेकिंग कर रही थी। चेकिंग के दौरान पुलिस ने चोरी गई टीवीएस जुपिटर स्कूटी पर सवार तीन संदिग्ध युवकों को पकड़ा। पूछताछ में आरोपियों ने अपना नाम मिलन दास महंत, हरिशंकर महंत और कन्हैया दास महंत बताया।
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे चोरी की इसी स्कूटी से क्षेत्र में घूमकर दोबारा मोटरसाइकिल चोरी करने के लिए रेकी कर रहे थे।
मैकेनिक की जानकारी का उठाया फायदा
पूछताछ में सामने आया कि गिरोह में शामिल मिलन दास महंत का छोटा भाई हरिशंकर महंत मोटरसाइकिल मैकेनिक है, जबकि कन्हैया दास महंत उसका बुआ का लड़का है और सक्ती क्षेत्र में ड्रायवरी का काम करता है।
पुलिस के मुताबिक, मोटरसाइकिलों के कल-पुर्जों और वाहनों की तकनीकी जानकारी होने के कारण तीनों ने मिलकर वाहन चोरी कर उन्हें बेचकर पैसे कमाने की योजना बनाई थी। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने क्षेत्र में अलग-अलग स्थानों से कई दोपहिया वाहन चोरी करने की बात स्वीकार की।
अलग-अलग जगहों से चोरी किए वाहन
आरोपियों ने पुलिस को बताया कि उन्होंने मई 2026 में बरभौना चौक, छाल के पास से एक एन.एक्स.जी. मोटरसाइकिल चोरी की थी। इसके बाद करीब तीन माह पूर्व घरघोड़ा के नवापारा चौक में चाबी लगी हालत में खड़ी एक बुलेट मोटरसाइकिल को चोरी कर लिया।
आरोपियों ने करीब दो माह पूर्व बोजिया, छाल स्थित मस्जिद के पास से हीरो स्प्लेंडर प्लस और एन.एक्स.जी. मोटरसाइकिल चोरी करने की बात भी कबूल की। इसके बाद 18 सितंबर 2026 को घरघोड़ा में एक घर के बाहर चाबी लगी हालत में खड़ी टीवीएस जुपिटर स्कूटी चोरी कर ली।
पुलिस के अनुसार, चोरी की गई इसी स्कूटी पर सवार होकर तीनों आरोपी 3 अक्टूबर को एक बार फिर वाहन चोरी के लिए इलाके में घूम रहे थे, लेकिन इससे पहले कि वे किसी अन्य वाहन को निशाना बनाते, पुलिस की वाहन जांच में पकड़े गए।
दुर्ग में चोरी दर्ज थी बरामद बुलेट
पुलिस ने बरामद वाहनों की जांच की। इस दौरान सशक्त मोबाइल ऐप के माध्यम से बुलेट वाहन की जानकारी चेक करने पर उसके संबंध में थाना सुपेला, जिला दुर्ग में वाहन चोरी का अपराध दर्ज होना पाया गया। इसके बाद पुलिस ने वाहन चोरी के मामलों से आरोपियों के संबंधों की भी जांच शुरू की।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी के कुल चार दोपहिया वाहन बरामद किए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 3 लाख रुपये है। तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
गिरफ्तार आरोपी
मिलन दास महंत, पिता मोतीदास महंत, उम्र 30 वर्ष, निवासी ग्राम पुसल्दा, थाना छाल, जिला रायगढ़।
हरिशंकर महंत, पिता मोतीदास महंत, उम्र 24 वर्ष, निवासी ग्राम पुसल्दा, थाना छाल, जिला रायगढ़।
कन्हैया दास महंत, पिता रामप्रवेश महंत, उम्र 37 वर्ष, निवासी वार्ड क्रमांक 13, महंत मोहल्ला, डभरा, थाना डभरा, जिला सक्ती।
पुलिस टीम की रही महत्वपूर्ण भूमिका
यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के दिशा-निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अनिल सोनी के मार्गदर्शन तथा एसडीओपी धरमजयगढ़ श्री सिद्धांत तिवारी के पर्यवेक्षण में की गई।
कार्रवाई में थाना प्रभारी घरघोड़ा कुमार गौरव साहू, प्रधान आरक्षक विक्रम चौरसिया, आरक्षक हरीश पटेल, उद्धव पटेल एवं स्थानीय पुलिस सहयोगी कालिया गुप्ता की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस की सतर्कता से खुला चोरी का राज
घरघोड़ा पुलिस की वाहन चेकिंग के दौरान चोरी की स्कूटी पर सवार आरोपियों का पकड़ा जाना पूरे मामले में अहम कड़ी साबित हुआ। पुलिस की पूछताछ में न केवल घरघोड़ा की स्कूटी चोरी का खुलासा हुआ, बल्कि आरोपियों द्वारा अलग-अलग स्थानों से चोरी किए गए अन्य दोपहिया वाहनों की जानकारी भी सामने आई। चार चोरी के वाहनों की बरामदगी के साथ पुलिस ने वाहन चोरी करने वाले गिरोह पर प्रभावी कार्रवाई की है।

